टी20 फ़ॉर्मेट कैसे काम करता है
टी20 मैच में हर टीम को 20 ओवर मिलते हैं — यानी अधिकतम 120 गेंदें। पहले छह ओवर पावरप्ले के होते हैं, जिनमें फ़ील्डिंग प्रतिबंध लागू रहते हैं और बल्लेबाज़ खुलकर शॉट खेल सकते हैं। स्ट्राइक रेट यहाँ सबसे अहम आँकड़ा है — 100 से ऊपर का स्ट्राइक रेट औसत माना जाता है, 150 से ऊपर असाधारण। बारिश की वजह से ओवर
घटने पर डकवर्थ-लुईस-स्टर्न (DLS) पद्धति से लक्ष्य तय होता है। टाई की स्थिति में सुपर ओवर होता है — एक-एक ओवर में फ़ैसला। यह जानकारी चेन्नई और हैदराबाद सहित पूरे भारत के क्रिकेट प्रेमियों के लिए है।